भास्कर न्यूज - जालोर
जालोर सिरोही संसदीय क्षेत्र से चुनाव लड़ रहे प्रत्याशियों में चुनावों में अब तक पैसे खर्च करने में भाजपा के देवजी पटेल सबसे आगे चल रहे हैं, जबकि निर्दलीय प्रत्याशी भंवरलाल वाघेला एक मात्र ऐसी प्रत्याशी है जिन्होंने अब तक चुनावों में एक रुपया भी खर्च नहीं किया। चुनावों में अब तक खर्च करने में कांग्रेस प्रत्याशी आंजणा उदयलाल दूसरे नंबर पर है। अभ्यर्थियों की ओर से प्रस्तुत निर्वाचन व्यय की जांच के बाद यह स्थिति सामने आई है। प्रत्याशियों की ओर से किए गए खर्चे के आंकड़ों पर नजर डालें तो 7 अप्रैल तक भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी देवजी पटेल ने सर्वाधिक खर्च किए है। निर्वाचन व्यय के नोडल अधिकारी दशरथ कुमार सोलंकी ने बताया कि अभ्यर्थियों द्वारा प्रस्तुत निर्वाचन व्ययों की समीक्षा के तहत 7 अप्रैल तक इंडियन नेशनल कांग्रेस के प्रत्याशी अंजना उदयलाल ने 18 लाख 56 हजार 346 रुपए, बसपा प्रत्याशी ओटाराम ने 2 लाख 9 हजार 828 रुपए, भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी देवजी पटेल ने 22 लाख 81 हजार 640 रुपए, हिन्दुस्तान जनता पार्टी के छगनाराम ने 22 हजार 747 रुपए, बहुजन मुक्ति पार्टी के छगनाराम ने 63 हजार 835 रुपए, जागो पार्टी के प्रत्याशी राणसिंह राजपुरोहित ने 28 हजार 800 रुपए एवं अवामी आम जन पार्टी के सुखदेव ने 1 हजार रुपए खर्च किए है।
जालोर सिरोही संसदीय क्षेत्र से चुनाव लड़ रहे प्रत्याशियों में चुनावों में अब तक पैसे खर्च करने में भाजपा के देवजी पटेल सबसे आगे चल रहे हैं, जबकि निर्दलीय प्रत्याशी भंवरलाल वाघेला एक मात्र ऐसी प्रत्याशी है जिन्होंने अब तक चुनावों में एक रुपया भी खर्च नहीं किया। चुनावों में अब तक खर्च करने में कांग्रेस प्रत्याशी आंजणा उदयलाल दूसरे नंबर पर है। अभ्यर्थियों की ओर से प्रस्तुत निर्वाचन व्यय की जांच के बाद यह स्थिति सामने आई है। प्रत्याशियों की ओर से किए गए खर्चे के आंकड़ों पर नजर डालें तो 7 अप्रैल तक भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी देवजी पटेल ने सर्वाधिक खर्च किए है। निर्वाचन व्यय के नोडल अधिकारी दशरथ कुमार सोलंकी ने बताया कि अभ्यर्थियों द्वारा प्रस्तुत निर्वाचन व्ययों की समीक्षा के तहत 7 अप्रैल तक इंडियन नेशनल कांग्रेस के प्रत्याशी अंजना उदयलाल ने 18 लाख 56 हजार 346 रुपए, बसपा प्रत्याशी ओटाराम ने 2 लाख 9 हजार 828 रुपए, भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी देवजी पटेल ने 22 लाख 81 हजार 640 रुपए, हिन्दुस्तान जनता पार्टी के छगनाराम ने 22 हजार 747 रुपए, बहुजन मुक्ति पार्टी के छगनाराम ने 63 हजार 835 रुपए, जागो पार्टी के प्रत्याशी राणसिंह राजपुरोहित ने 28 हजार 800 रुपए एवं अवामी आम जन पार्टी के सुखदेव ने 1 हजार रुपए खर्च किए है।
निर्दलीयों में बूटासिंह सबसे आगे
इसी प्रकार निर्दलीय प्रत्याशियों में निर्वाचन पर खर्च करने में एस बूटासिंह पहले स्थान पर चल रहे हैं। आंकड़ों के अनुसार तरुण कुमार ने 67 हजार 320 रुपए, नरिंगाराम यादव ने 6 लाख 17 हजार 595 रुपए, नारायण लाल ने 48 हजार 588 रुपए, एस.बूटासिंह ने 10 लाख 26 हजार 954 रुपए, मनराराम ने 60 हजार 950 रुपए, महेंद्र के. चौधरी ने 1 लाख 79 हजार 606 रुपए, मूलाराम ने 87 हजार 428 रुपए एवं शंकरलाल दर्जी ने 8 हजार 250 रुपए निर्वाचन पर खर्च किए हैं।
खर्च का रिकॉर्ड ठीक नहीं
लोक सभा आम चुनाव के तहत अभ्यर्थियों के निर्वाचन व्ययों की जांच के दौरान 2 अन्य अभ्यर्थियों को भी नोटिस जारी किए गए है जिनमें इंडियन नेशनल कांग्रेस के प्रत्याशी अंजना उदयलाल को निर्वाचन व्यय के दैनिक लेखों का संधारण आयोग के निर्देशानुसार नहीं करने के लिए तथा निर्दलीय प्रत्याशी मनराराम को निर्वाचन व्यय बैंक के माध्यम से नहीं करने एवं चंदे की राशि देने वाले व्यक्ति की सहमति पत्र प्रस्तुत नहीं करने पर लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 77 के तहत नोटिस जारी करते हुए 48 घंटों के भीतर जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए है।
इसी प्रकार निर्दलीय प्रत्याशियों में निर्वाचन पर खर्च करने में एस बूटासिंह पहले स्थान पर चल रहे हैं। आंकड़ों के अनुसार तरुण कुमार ने 67 हजार 320 रुपए, नरिंगाराम यादव ने 6 लाख 17 हजार 595 रुपए, नारायण लाल ने 48 हजार 588 रुपए, एस.बूटासिंह ने 10 लाख 26 हजार 954 रुपए, मनराराम ने 60 हजार 950 रुपए, महेंद्र के. चौधरी ने 1 लाख 79 हजार 606 रुपए, मूलाराम ने 87 हजार 428 रुपए एवं शंकरलाल दर्जी ने 8 हजार 250 रुपए निर्वाचन पर खर्च किए हैं।
खर्च का रिकॉर्ड ठीक नहीं
लोक सभा आम चुनाव के तहत अभ्यर्थियों के निर्वाचन व्ययों की जांच के दौरान 2 अन्य अभ्यर्थियों को भी नोटिस जारी किए गए है जिनमें इंडियन नेशनल कांग्रेस के प्रत्याशी अंजना उदयलाल को निर्वाचन व्यय के दैनिक लेखों का संधारण आयोग के निर्देशानुसार नहीं करने के लिए तथा निर्दलीय प्रत्याशी मनराराम को निर्वाचन व्यय बैंक के माध्यम से नहीं करने एवं चंदे की राशि देने वाले व्यक्ति की सहमति पत्र प्रस्तुत नहीं करने पर लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 77 के तहत नोटिस जारी करते हुए 48 घंटों के भीतर जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए है।
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